Step 1: Understanding the Question:
यह प्रश्न वंशावली विश्लेषण (pedigree analysis) से संबंधित है।
हमें दिए गए आरेख का विश्लेषण करके यह निर्धारित करना है कि यह विकार किस प्रकार की आनुवंशिक वंशागति (inheritance pattern) का अनुसरण करता है।
Step 2: Key Formula or Approach:
विभिन्न वंशागति पैटर्नों को पहचानने के नियम इस प्रकार हैं:
1. सूत्रकणिकीय/माइटोकोंड्रियल वंशागति (Maternal Inheritance): यह केवल माता से ही उसकी सभी संतानों (पुत्र और पुत्री दोनों) में जाती है। प्रभावित पिता कभी भी इस विकार को अपनी संतानों में प्रेषित नहीं करता।
2. Y-लग्न वंशागति: यह केवल पुरुषों में पाई जाती है और प्रभावित पिता से सभी पुत्रों में जाती है।
3. X-लग्न वंशागति: इसमें आड़े-तिरछे (criss-cross) वंशागति का पैटर्न देखा जाता है।
Step 3: Detailed Explanation:
• पहली पीढ़ी का विश्लेषण: पहली पीढ़ी में माता सामान्य (सफ़ेद वृत्त) है और पिता प्रभावित (काला वर्ग) है। इनके सभी बच्चे (दूसरी पीढ़ी के सीधे वंशज) पूरी तरह से सामान्य हैं। इससे सिद्ध होता है कि प्रभावित पिता इस विकार को आगे प्रेषित नहीं कर सकता।
• दूसरी पीढ़ी का विश्लेषण: दूसरी पीढ़ी में, जहाँ भी माता प्रभावित (काली वृत्त) है, उसके सभी बच्चे (पुत्र और पुत्री दोनों) पूरी तरह से प्रभावित हैं।
• वहीं दूसरी ओर, जहाँ पिता प्रभावित है लेकिन माता सामान्य है, वहाँ एक भी संतान प्रभावित नहीं है।
• यह शत-प्रतिशत मातृ वंशागति (maternal inheritance) का विशिष्ट उदाहरण है। क्योंकि मानव में युग्मनज (zygote) को अधिकांश कोशिकाद्रव्य और माइटोकोंड्रिया केवल अंड कोशिका (माता) से ही प्राप्त होते हैं।
अतः, यह पैटर्न केवल सूत्रकणिकीय (माइटोकोंड्रियल) वंशागति को प्रदर्शित करता है।
Step 4: Final Answer:
अतः, सही विकल्प (D) है क्योंकि यह वंशावली पूर्णतः मातृ/सूत्रकणिकीय वंशागति के नियमों का पालन करती है।